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DCA me kitne subject hote hai

DCA me kitne subject hote hai आज के इस लेख के माध्यम से जानने वाले हैं और काफी सारे लोगों का बहुत तरह का सवालों का जवाब भी आज हम इस लेख में बारीकी से जानेंगे।

अक्सर लोगों का मन होता है कि वह कंप्यूटर सीखें और कंप्यूटर में अपना कार्य को करें लेकिन कंप्यूटर सीखने के लिए काफी सारे कोर्स को करना पड़ता है।

वहीं कुछ लोग डीसीए जो कि कंप्यूटर की सबसे पहली कोर्स या बेसिक कोर्स होती है करना चाहते हैं तो लोगों के मन में यह सवाल आता है कि आखिर डीसीए में कितने सब्जेक्ट होते हैं (DCA me kitne subject hote hai)।

जो कि आज हम इस लेख के माध्यम से जानने वाले हैं और साथ ही इस लेख में हम और भी कई सारे सवालों का जवाब जानेंगे जो एक कंप्यूटर बेसिक के लिए महत्वपूर्ण होगी।

DCA me kitne subject hote hai | डीसीए कितने प्रकार का होता है
DCA me kitne subject hote hai | डीसीए कितने प्रकार का होता है

डीसीए के बारे में बात किया जाए तो डीसीए का फुल फॉर्म डिप्लोमा इन कंप्यूटर एप्लीकेशन (Diploma in computer application) होता है जोकि कंप्यूटर की एक बेसिक कोर्स है।

डीसीए के बारे में आपको बता दें कि डीसीए एक प्रकार का डिप्लोमा कोर्स होता है और इस कोर्स को करने में लगभग 6 महीने से 1 साल का समय लगता है तथा इस कोर्स में बेसिक और एप्लीकेशंस के बारे में पढ़ाया जाता है।

कोई भी छात्र इस कोर्स को दसवीं के बाद कर सकता है और यह कोर्स में आपको प्रैक्टिकल और थ्योरी दोनों दोनों तरीके से पढ़ाया जाता है।

यदि आपके भी मन में यह सवाल है कि डीसीए में कितने सब्जेक्ट होते हैं (DCA me kitne subject hote hai) तो आप इस लेख को पूरा अंत तक पढ़ें क्योंकि इस लेख में सभी प्रकार की जानकारी दी गई है।

इस लेख में सब्जेक्ट के अलावा भी कई सारे ऐसे जानकारी दी गई है जो आपके लिए बहुत ही महत्वपूर्ण साबित हो सकता है इसलिए आप इस लेख को पूरा अंत तक और बारीकी से पढ़ें।

DCA me kitne subject hote hai

डीसीए प्रकार का बेसिक कोर्स होता है जिसे कंप्यूटर की सबसे पहली कोर्स भी कहा जाता है क्योंकि कंप्यूटर सीखने के लिए सबसे पहला कोर्स डीसीए ही सीखना पड़ता है।

डीसीए के बारे में बात किया जाए तो डीसीए का फुल फॉर्म डिप्लोमा इन कंप्यूटर एप्लीकेशन होता है और इस कोर्स में बेसिक जानकारी के साथ-साथ फंडामेंटल की जानकारी भी दी जाती है।

इस कोर्स को करने में 6 महीने से 1 साल तक का समय लग सकता है और इस कोर्स में थ्योरी तथा प्रैक्टिकल दोनों तरह की जानकारी दी जाती है और दोनों पढ़ाया जाता है।

इस कोर्स में हार्डवेयर के साथ-साथ सॉफ्टवेयर के बारे में अभी थोड़ी बहुत जानकारी दी जाती है जिसके बाद कंप्यूटर को समझना आपके लिए बहुत ही आसान हो जाता है।

तो चलिए अब हम जानते हैं कि डीसीए में कितने सब्जेक्ट होते हैं (DCA me kitne subject hote hai) जोकि निम्नलिखित है।

  • Basic Of Computer
  • Database management
  • Typing
  • Programming languages
  • Microsoft office
  • System Designing
  • Project management
  • Unix operating system

Basic Of Computer:- इसमें आपको कंप्यूटर की बेसिक जानकारी दी जाती है और कंप्यूटर के बारे में बताया जाता है। साथ ही साथ कंप्यूटर में आने वाली प्रॉब्लम्स से कैसे बचना है इसके बारे में अभी आपको इसी में बताया जाता है।

Database management:- डेटाबेस मैनेजमेंट के बारे में बात किया जाए तो आप अपने डाटा को कैसे सुरक्षित रख सकते हैं इस बारे में बताया जाता है अर्थात इस कोर्स में आपको यह पढ़ाया जाता है कि आप अपने डाटा को कैसे सुरक्षित रख सकते हैं।

Typing:- इस कोर्स में आपको टाइपिंग सिखाया जाता है जैसे कि यदि आप कहीं डाटा एंट्री का कार्य कर रहे हैं तो उसमें टाइपिंग का होना बहुत ही महत्वपूर्ण है जो कि इस कोर्स में आपको बताया जाता है।

Programming languages:-इसमें आपको प्रोग्रामिंग लैंग्वेज को बताया जाता है जैसे आपको पता ही होगा कि कंप्यूटर कोडिंग पर चलता है और उस कोडिंग को समझना बहुत ही जरूरी होता है इसमें कोडिंग का बेसिक जानकारी आपको दिया जाता है हालांकि कोडिंग का अलग कोर्स भी रहता है जिसको करने के लिए आपको अलग से समय देना पड़ेगा।

Microsoft office:- इसमें आपको माइक्रोसॉफ्ट ऑफिस के बारे में बताया जाता है जैसे कि एमएस वर्ड, एमएस पावरप्वाइंट, एमएस एक्सेस, एमएस एक्सल, एमएस पेंट यही सब सिखाया जाता है और इसके अलावा भी आपको वर्डपैड और नोटपैड की जानकारी इस कोर्स में दी जाती है।

System Designing:- इसमें आपको डिजाइनिंग के बारे में बताया जाता है जैसे फोटो एडिट करना, लोगों बनाना या सिस्टम डिजाइन इत्यादि बताया जाता है।

Project management:- इसमें आपको प्रोजेक्ट मैनेजमेंट सिखाया जाता है कि आप किसी भी प्रोजेक्ट को कैसे मैनेज कर सकते हैं जो कि एक बहुत ही महत्वपूर्ण सब्जेक्ट है।

Unix operating system:- इसमें आपको ऑपरेटिंग सिस्टम के बारे में बारीकी से बताया जाता है इसके साथ ही इसमें इनपुट, आउटपुट, हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर के बारे में भी बताया जाता है।

DCA में क्या क्या आता है? | डीसीए कोर्स में कौन कौन से सब्जेक्ट होते हैं?

डीसीए के बारे में बात किया जाए तो डीसीए एक प्रकार का डिप्लोमा कोर्स होता है जिसमें कंप्यूटर की बेसिक जानकारी को दी जाती है।

इसमें कंप्यूटर के पार्ट्स और सॉफ्टवेयर के बारे में तथा हार्डवेयर के बारे में बताया जाता है जैसे कि माउस, कीबोर्ड, मॉनिटर, सीपीयू, यूपीएस इन सभी हार्डवेयर के बारे में बताया जाता है।

तथा सॉफ्टवेयर जैसे कि एमएस पेंट, एमएस वर्ड, एमएस एक्सल, नोटपैड, वर्डपैड, एमएस पावरप्वाइंट इन सभी चीजों के बारे में जानकारी दी जाती है।

चलिए अब हम जानते हैं कि डीसीए कोर्स में कौन-कौन से सब्जेक्ट होते हैं तो आपको बता दें कि DCA का Full Form “Diploma in Computer Application” है।

डीसीए कोर्स में सब्जेक्ट का बात किया जाए तो इसमें बेसिक जानकारी दी जाती है और इसके सब्जेक्ट निम्नलिखित हैं।

  • Basic Of Computer
  • Computer fundamental 
  • Database management
  • Programming languages
  • Microsoft office

ऊपर दिए गए सभी डीसीए के सब्जेक्ट हैं ऐसा कहा जाए तो डीसीए के सब्जेक्ट सिर्फ कंप्यूटर फंडामेंटल होते हैं बाकी सब प्रैक्टिकल होते हैं लेकिन इन सभी को एक सब्जेक्ट के रूप में देखा जाए तो यही सब्जेक्ट होते हैं।

डीसीए कितने प्रकार का होता है?

डीसीए के प्रकार के बारे में बात किया जाए तो यह दो प्रकार के होते हैं पहला एडीसीए और दूसरा पीजीडीसीए।

एडीसीए के बारे में बात किया जाए तो यह 1 वर्ष का कोर्स होता है जिसका फुल फॉर्म एडवांस डिप्लोमा इन कंप्यूटर एप्लीकेशन (Advance Diploma in Computer Applications) होता है जिसमें 2 सेमेस्टर होते हैं।

पीजीडीसीए का बात किया जाए तो उसका फुल फॉर्म पोस्ट ग्रैजुएट डिप्लोमा इन कंप्यूटर एप्लीकेशन होता है यह भी 1 वर्ष का कोर्स होता है और इसमें बेसिक के साथ-साथ एडवांस भी बताया जाता है।

डीसीए का एक और कोर्स होता है जो डीसीए प्लस के नाम से जाना जाता है जिसमें डीसीए के साथ-साथ कुछ एक्सटर्नल बेसिक जानकारी भी दी जाती है जैसे इंटरनेट इत्यादि।

डीसीए के बाद क्या करना चाहिए? | DCA के बाद क्या करें?

डीसीए के बाद यदि आप चाहे तो किसी भी प्राइवेट सेक्टर में छोटी-मोटी नौकरी कर सकते हैं लेकिन यदि आप डीसीए के बाद और भी कोर्स करना चाहते हैं तो आप वह भी कर सकते हैं।

डीसीए के बाद आप टैली कोर्स को कर सकते हैं और आपको बता दें कि टैली कोर्स को करने के बाद आपको किसी भी जगह या प्राइवेट सेक्टर में जॉब मिल सकती है।

दिल्ली के बारे में आपको बता दें कि टेली एक प्रकार का अकाउंटिंग सॉफ्टवेयर है जिसमें हिसाब किताब का लेखा-जोखा किया जाता है।

आप चाहे तो डीटीपी ही भी कर सकते हैं डीटीपी भी एक प्रकार का बेसिक कोर्स होता है इसमें डिजाइनिंग से संबंधित सिखाया जाता है।

डीसीए के बाद आप चाहे तो वीडियो मिक्सिंग भी कर सकते हैं वीडियो मिक्सिंग का कोर्स को करके आप किसी भी वीडियो मिक्सिंग को कर सकते हैं और कहीं भी जॉब पा सकते हैं।

बहुत सारे ऐसे कोर्स है जिसको आप डीसीए करने के बाद कर सकते हैं जैसे कि आप डीसीए करने के बाद  एडीसीए या पीजीडीसीए भी कर सकते हैं।

जरुर पढ़ें :-12 वीं के बाद कंप्यूटर कोर्स सूची

डीसीए से क्या फायदा है?

बहुत सारे लोगों का यह सवाल है कि डीसीए करने से क्या फायदा है या डीसी करने के बाद मुझे क्या फायदा हो सकती है तो आपको बता दें कि डीसीए करने के बहुत सारे फायदे हैं।

आपको बता दें कि डीसीए एक प्रकार का बेसिक कोर्स होता है इसको करने के बाद कंप्यूटर चलाने की क्षमता में विकास होता है और आप अच्छे से कंप्यूटर के किसी भी लैंग्वेज को समझने के लिए एलिजिबल हो जाते हैं।

डीसीए करने के बाद आप एमएस वर्ड या एमएस एक्सेल के किसी भी कार्य को आसानी से कर पाएंगे जैसे किसी भी लेटर को निकालना या किसी भी डाटा को एम एस एक्सेल में बनाना।

बीसीए करने के बाद आप आसानी से किसी भी प्राइवेट सेक्टर में जॉब पा सकते हैं जो कि एक बहुत ही महत्वपूर्ण पॉइंट है।

यह कोर्स को 6 महीने से 1 साल के अंदर में किया जा सकता है और आपको जानकारी है खुशी होगी कि इस कोर्स को करने में ज्यादा फीस नहीं देनी पड़ती है।

जरुर पढ़ें :-जीएसटी में करियर कैसे बनाएं

DCA क्यों करते हैं? | डीसीए कब होता है?

आपको बता दें कि डीसीए कोर्स एक बेसिक कोर्स होता है और इसको करने के बाद आप कंप्यूटर में अच्छी खासी जानकारी को हासिल कर सकते हैं।

इस कोर्स को करने के बाद आप अपने कंप्यूटर शॉप भी खोल सकते हैं जैसे साइबर कैफे इत्यादि और आप चाहें तो घर बैठे इनकम जनरेट कर सकते हैं।

डीसीए कोर्स करने से कंप्यूटर की बेसिक जानकारी पूरी तरह से आपको समझ में आ जाएगी और कंप्यूटर को आसानी से आप चला पाएंगे और कंप्यूटर के सभी लैंग्वेज को आसानी से आप समझ पाएंगे।

अब बात आती है कि डीसीए कब होता है या डीसीए हम कब कर सकते हैं तो आपको बता दें कि इसकी कोई योग्यता नहीं होती है आप कभी भी डीसीए कोर्स को कर सकते हैं।

लेकिन यदि आप दसवीं पास हैं तो आप बेझिझक इस कोर्स को आसानी से कर पाएंगे और आप को समझने में भी किसी प्रकार की दिक्कत नहीं होगी।

तो यदि आप दसवीं पास है तो आप इस कोर्स को आसानी से कर पाएंगे अन्यथा आप 12वीं पास करने के बाद भी इस कोर्स को कर सकते हैं।

यह भी पढ़ें :-12वीं के बाद बैंक में जॉब कैसे करें

dca ki fees kitni hai

काफी सारे लोगों का यह सवाल है कि डीसीए की फीस कितनी है डीसीए की फीस के बारे में बात किया जाए तो इस कोर्स का फीस लगभग ₹3000 है।

यह एक बेसिक कोर्स होता है तथा इस कोर्स को करने में लगभग 6 महीने से 1 साल तक का समय लग सकता है।

और इस कोर्स में प्रेक्टिकल तथा थ्योरी दोनों तरीके से पढ़ाए जाते हैं।

डीसीए का मैन फंडामेंटल होता है जिसे समझने के बाद आप कंप्यूटर को आसानी से समझने के लिए एलिजिबल हो जाते हैं और उसके बाद आप कंप्यूटर को आसानी से चला सकते हैं।

डीसीए कोर्स में बेसिक जानकारी के साथ-साथ हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर के बारे में अभी थोड़ी बहुत जानकारी दी जाती है जिससे कंप्यूटर को समझना बहुत ही आसान होता है।

CONCLUSION :- DCA me kitne subject hote hai

आज के इस लेख के माध्यम से हमने जाना कि डीसीए में कितने सब्जेक्ट होते हैं (DCA me kitne subject hote hai) और साथ ही लोगों द्वारा पूछे गए कुछ सवालों के जवाब भी जाना।

डीसीए के सब्जेक्ट के साथ-साथ आपके लिए यह भी जरूरी है कि आप कंप्यूटर के बारे में बेसिक जानकारी के साथ-साथ एडवांस का भी नॉलेज ज्ञान करें।

ताकि आपको भविष्य में भी किसी प्रकार का दिक्कत का सामना ना करना पड़े और आप आसानी से कंप्यूटर को ऑपरेट कर पाए।

हमको उम्मीद है कि आज का यह लेख डीसीए में कितने सब्जेक्ट होते हैं (DCA me kitne subject hote hai) आपको काफी अच्छा लगा होगा।

और इस लेख को पढ़कर Computer से संबंधित सभी प्रकार के सवालों का जवाब मिल गए होंगे यदि आपको कोई और जानकारी चाहिए तो आप कमेंट सेक्शन में पूछ सकते हैं।

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