ips kya hota hai | IPS क्या होता है -

ips kya hota hai | IPS क्या होता है

ips kya hota hai  (IPS क्या होता है) आज के इस लेख के माध्यम से हम जानने वाले हैं और साथ ही आईपीएस से संबंधित कई सारे लोगों के पूछे गए सवालों का जवाब भी जानेंगे।

कई सारे छात्र 12वीं की कक्षा में पढ़ाई करते हैं या स्नातक की कक्षा में पढ़ाई करते हैं और उनके मन में यह हमेशा सवाल रहता है कि वह आगे चलकर आईपीएस ऑफिसर बने और अपने देश के लिए सेवा प्रदान करें।

आईपीएस ऑफिसर एक बहुत ही जिम्मेदारी वाला पद होता है अर्थात आईपीएस ऑफिसर बनने के बाद आपके कंधे पर बहुत सारी जिम्मेदारी आ जाती है जिसे पालन करना एक आईपीएस ऑफिसर का कर्तव्य होता है। 

ips kya hota hai | IPS क्या होता है | IPS के कितने स्टार होते हैं?
ips kya hota hai | IPS क्या होता है

बहुत सारे छात्र पुलिस में भर्ती होकर देश की सेवा करना चाहते हैं उनमें से अक्सर छात्र यह चाहते हैं कि वह बड़े पद में भर्ती हो और सबसे बड़े पद की बात की जाए तो आईपीएस की पद सबसे बड़ी पद होती है तो अधिकतर छात्र एक आईपीएस ऑफिसर बनाना चाहते हैं। 

कई सारे छात्र आईपीएस ऑफिसर बनाना चाहते हैं लेकिन उन्हें ठीक से यह पता नहीं होता है कि आखिर में ips kya hota hai  (IPS क्या होता है) तो चलिए आज के लेख के माध्यम से हम यह जानना वाले हैं। 

 यदि आप अभी यह जानना चाहते हैं कि आईपीएस ऑफीसर क्या होता है तो अब इस लेख को पूरा अंत तक पढ़े ताकि आपको सभी प्रकार की जानकारी अच्छे से समझ में आ जाए और आपको किसी भी प्रकार की कोई दिक्कत ना हो। 

ips kya hota hai | IPS क्या होता है

IPS भारतीय पुलिस सेवा यह अखिल भारतीय सेवाओं के अंतर्गत आने वाली एक केंद्रीय सिविल सेवा (Central civil service) है। IPS का फुल फॉर्म Indian police service होता है जिसे हिंदी में भारतीय पुलिस सेवा कहा जाता है।

आईपीएस के बारे में बात किया जाए तो यह तीन सबसे प्रतिष्ठित सेवाओं में एक माना जाता है वह तीन प्रतिष्ठित सेवाएं भारतीय प्रशासनिक सेवा, भारतीय विदेश सेवा तथा भारतीय पुलिस सेवा है।

IPS अखिल भारतीय सेवाओं के तहत आने वाली एक केंद्रीय सिविल सेवा होती है इस सेवा को पहले भारतीय शाही पुलिस (Indian imperial police) के नाम से जाना जाता था जिसे 1948 के बाद बदलकर Indian police service कर दिया गया।

आईपीएस या भारतीय पुलिस सेवा के बारे में बात किया जाए तो यह स्वयं एक बल नहीं है लेकिन यह एक सेवा है जो पुलिस और अखिल भारतीय केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल को लीडर और कमांडर प्रदान करती है।

किसी भी जिले में कानून व्यवस्था को बनाए रखने के लिए आईपीएस अधिकारी तथा आईएएस अधिकारी को कार्य करना होता है और निरंतर अपना सेवा प्रदान करना होता है।

एक आईपीएस ऑफिसर सार्वजनिक शांति और व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध होते हैं क्षेत्र में अपराध तस्करी और नशीले पदार्थों की तस्करी पर नियंत्रण करना एक आईपीएस अधिकारी का कर्तव्य तथा जिम्मेदारी होती है।

किसी भी प्रकार के अपराधिक मामलों की जांच करना खुफिया जानकारी एकत्रित करना भी आपकी सुरक्षा प्रदान करना तथा भ्रष्टाचार और आर्थिक अपराध को रोकना एक आईपीएस अधिकारी का जिम्मेदारी होता है।

यदि किसी भी शहर में कोई घटना होती है या किसी भी प्रकार की आपदा आती है तो सबसे पहला जिम्मेदार आदमी उस शहर के आईपीएस ऑफिसर होते हैं अर्थात आईपीएस ऑफिसर के कंधे पर यह जिम्मेदारी होती है कि वह उस शहर को सुचारू रूप से चलाने के लिए कोई भी कदम को उठा सकते हैं। 

आईपीएस ऑफिसर चाहे तो उस शहर को सुचारू रूप से चलाने के लिए किसी भी तरह के कानून पास कर सकते हैं और शहर को सुचारू रूप से चला सकते हैं लेकिन एक आईपीएस ऑफिसर ऐसे तभी कर सकते हैं जब उस शहर में किसी भी प्रकार की आतंक की आशंका होती है। 

शब्दों में कहा जाए तो एक आईपीएस ऑफिसर एक ऐसा पुलिस अधिकारी होते हैं जो शहर को सुचारू रूप से चलाने के लिए निरंतर कार्य करते हैं और जिनकी जिम्मेदारी और कर्तव्य भी होती है कि वह सर को सुचारू रूप से चलाएं जिसके लिए वह कोई भी कदम उठा सकते हैं। 

शहर में कानून व्यवस्था को बनाए रखने के लिए तथा कानून व्यवस्था को सुचारू रूप से चलाने के लिए एक आईपीएस ऑफिसर का अहम भूमिका होती है क्योंकि एक आईपीएस ऑफिसर के द्वारा ही शहर में अन्य पुलिस ऑफिसर कार्य करते हैं और एक आईपीएस ऑफिसर के निर्देशों का पालन करते हैं। 

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IPS कितने साल का कोर्स है?

आईपीएस के कोर्स के बारे में बात किया जाए तो आईपीएस का कोर्स नहीं होता है अर्थात एक आईपीएस ऑफिसर बनने के लिए आपको यूपीएससी का तैयारी करना होता है उसके बाद ही आप एक आईपीएस ऑफिसर बनते हैं। 

आपको बता दें कि यूपीएससी का तैयारी करने के लिए कम से कम 2 से 3 वर्ष का समय लगता है अर्थात यूपीएससी का तैयारी करने में अधिक से अधिक 5 से 6 वर्ष का भी समय लग सकता है। 

यदि आप 12वीं कक्षा की पढ़ाई कर रहे हैं या दसवीं कक्षा में हैं तो आपके लिए यह एक सुनहरा अवसर है आप अभी से आईपीएस की तैयारी शुरू कर दें ताकि आपके पास बहुत ज्यादा समय है तैयारी करने के लिए। 

यदि आप 12वीं कक्षा में है तो आप अभी से तैयारी शुरू करते हैं तो ग्रेजुएशन होते-होते आपका लगभग 5 वर्ष समय रहता है और 5 वर्ष में आप एक अच्छे खासे तैयार हो जाते हैं यूपीएससी के एग्जाम देने के लिए। 

आपको बता दें कि आईपीएस की तैयारी करने के लिए आपको एनसीईआरटी का पुस्तक पढ़ना पड़ता है अर्थात आप आठवीं क्लास से 12वीं क्लास तक के एनसीईआरटी किताब को एकत्रित कर लें और उसकी पढ़ाई करना शुरू कर दें। 

एनसीईआरटी पुस्तक के बारे में बात किया जाए तो यूपीएससी के सिलेबस को एनसीईआरटी पुस्तक के तहत ही तैयार किया गया है अर्थात यूपीएससी के सिलेबस में अधिकतर क्वेश्चन एनसीईआरटी पुस्तक से ही पूछे जाते हैं। 

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12वीं के बाद आईपीएस बनने के लिए क्या करना पड़ता है?

बारहवीं कक्षा के बाद आईपीएस ऑफिसर बनने के लिए सबसे पहले आपको 12वीं कक्षा पास करना होता है और 12वीं कक्षा पास करने के साथ ही आपको अपना ग्रेजुएशन में दाखिला लेना होता है आप चाहे तो किसी भी स्ट्रीम से अपना ग्रेजुएशन पूरा कर सकते हैं। 

ग्रेजुएशन पूरा करने के बाद आपको यूपीएससी परीक्षा के लिए आवेदन देना होता है और यूपीएससी परीक्षा में आवेदन देने के बाद आपको प्रिलिमनरी एक्जाम क्लियर करना होता है। 

प्रिलिमनरी एक्जाम देने के बाद आपको मैन एग्जाम देना होता है और मेन एग्जाम तभी आप देख सकते हैं जब आप प्रीलिमिनरीज एग्जाम को पास करते हैं तथा आपको मेन एग्जाम को पास करना होता है। 

मेन एग्जाम पास करने के बाद आपका साक्षात्कार होता है अर्थात मैन एग्जाम को पास करने के बाद आपको इंटरव्यू के लिए बुलाया जाता है जहां पर आपका इंटरव्यू होता है और इंटरव्यू क्लियर करने के बाद आप एक आईपीएस ऑफिसर बनने योग्य हो जाते हैं। 

बता दें कि आईपीएस ऑफिसर बनना बहुत ही कठिन होता है 48 की तैयारी बहुत ही जोरों शोरों से करना होता है उसके बाद ही आप आईपीएस ऑफिसर के लिए जाने वाले एग्जाम में पास हो सकते हैं। 

यदि आप अभी 12वीं कक्षा में है या 12वीं कक्षा की पढ़ाई कर रहे हैं तो आप अभी से यूपीएससी का तैयारी करना शुरू कर दें क्योंकि यूपीएससी का तैयारी करने में लगभग 5 से 6 वर्ष का समय लगता है और यदि आप अभी से अपना तैयारी जारी रखते हैं तो ग्रेजुएशन कंप्लीट होते होते आपका यूपीएससी का तैयारी भी कंप्लीट हो जाता है। 

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IPS में सबसे बड़ा कौन होता है?

आईपीएस में सबसे बड़ा पद की बात की जाए तो डीजीपी का पद सबसे बड़ा होता है, DGP का फुल फॉर्म Director General of police होता है जिसे हिंदी में पुलिस महानिदेशक आ जाता है। 

आपको बता दें कि डीजीपी एक आईपीएस रैंक के आईपीएस अधिकारी होते हैं जो राज्य में कानून व्यवस्था को बनाए रखने के लिए कार्य करते हैं। 

बीजेपी के बारे में बात किया जाए तो डीजीपी का डायरेक्ट भर्ती नहीं होता है अर्थात किसी भी परीक्षा को पास करने के बाद आप डीजीपी नहीं बन सकते हैं डीजीपी बनने के लिए एक आईपीएस ऑफिसर बनना होता है और उसके बाद प्रमोशन के द्वारा आप एक बीजेपी बन सकते हैं। 

आपको बता दें कि डीजीपी कोई भी राज्य के पुलिस विभाग के सबसे बड़ा अधिकारी होता है अर्थात पुलिस विभाग का अन्य अधिकारी डीजीपी के आदेशों का पालन करता है। 

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IPS के कितने स्टार होते हैं?

आपको बता दें कि आईपीएस ऑफिसर के 3 स्टार होते हैं लेकिन एक आईपीएस ऑफिसर के कंधे पर आईपीएस लिखा होता है तथा उसके साथ-साथ अशोक स्तंभ तथा तीन स्टार होते हैं जो कि एक आईपीएस ऑफिसर का पहचान होता है। 

आईपीएस ऑफिसर की ड्यूटी बहुत ही जिम्मेदारी भरा होता है अर्थात एक आईपीएस के ऊपर ही पूरे शहर का भार रहता है शहर में किसी भी प्रकार की  घटनाओं को सही तरीके से चलाना एक आईपीएस ऑफिसर की ही जिम्मेदारी होती है। 

घर में कानून व्यवस्था को बनाए रखने के लिए एक आईपीएस ऑफिसर निरंतर प्रयास करते हैं और एक आईपीएस ऑफिसर की यह जिम्मेदारी भी होती है कि वह शहर में कानून व्यवस्था को सुचारू रूप से चलाएं। 

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पुलिस की सबसे बड़ी पोस्ट कौन सी है?

इसकी सबसे बड़ी पोस्ट के बारे में बात किया जाए तो पुलिस की सबसे बड़ी पोस्ट डीजीपी का होता है अर्थात शहर मैं डीजीपी सबसे बड़ा पोस्ट में होता है और पुलिस विभाग के दूसरे पुलिस डीजीपी के द्वारा दिए गए आदेशों का पालन करते हैं। 

आपको बता दें कि डीजीपी को महानिदेशक भी कहा जाता है क्योंकि बीजेपी द्वारा दिए गए आदेशों का पालन अन्य पुलिस ऑफिसर करते हैं और उनके द्वारा ही सभी कार्य किए जाते हैं। 

डीजीपी के बारे में बात किया जाए तो यह आईपीएस ऑफिसर रैंक का एक पुलिस होते हैं जो शहर में कानून व्यवस्था को बनाए रखने के लिए जाने जाते हैं अर्थात शहर में कानून व्यवस्था को बनाने के लिए एक डीजीपी ही जिम्मेदार होते हैं। 

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भारत में कुल कितने पुलिस वाले हैं?

भारत में कुल पुलिस वाले की बात की जाए तो आपको बता दें कि भारतीय गृह मंत्रालय के अंतर्गत काम करने वाली संस्था जिसका नाम “ब्यूरो ऑफ पुलिस रिसर्च एंड डेवलपमेंट” है जिसके द्वारा एक आंकड़ा जारी किया गया था जिससे यह पता चलता है कि वर्तमान समय में भारत में लगभग 19.26 लाख पुलिसकर्मी अभी कार्यरत हैं। 

आपको यह जानकर हैरानी हुई होगी कि भारत में कुल 19.26 लाख पुलिसकर्मी है लेकिन आपको बता दें कि यह कुछ दिन पहले का डाटा है और अभी के समय में 20 लाख से भी अधिक पुलिसकर्मी भारत में मौजूद हैं जो अभी कार्यरत हैं। 

आपको बता दें कि भारत एक विशाल जनसंख्या वाला देश है और जनसंख्या की दृष्टि से देखा जाए तो भारत दूसरा सबसे बड़ा देश है और इतनी सारी जनसंख्या को सुचारू रूप से चलाने के लिए पुलिसकर्मी का होना बहुत ही जरूरी है। 

 अब बात आती है कि कितने पुलिसकर्मी मिलकर पूरे देश को सुचारू रूप से चला सकते हैं तो आपको बता दें कि अभी मौजूद समय में लगभग 2000000 पुलिसकर्मी है जो पूरे देश को सुचारू रूप से चलाने के लिए पर्याप्त है। 

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CONCLUSION :- ips kya hota hai | IPS क्या होता है

आज के इस लेख के माध्यम से हमने जाना कि ips kya hota hai  (IPS क्या होता है) और साथ ही लोगों द्वारा पूछे गए कुछ सवालों के जवाब भी जाना।

हमको उम्मीद है कि आज का यह लेख “ips kya hota hai  (IPS क्या होता है)” आपको काफी अच्छा लगा होगा।

IPS से संबंधित सभी प्रकार के सवालों का जवाब आज हम इस लेख के माध्यम से समझ गए हैं तथा लोगों द्वारा पूछे गए सभी सवालों का जवाब भी आज हम जाने।

इसके अलावा भी आपके मन में किसी प्रकार का सवाल है तो आप कमेंट कर सकते हैं आपके सवालों का जवाब जल्द से जल्द दिया जायेगा।

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